नई दिल्ली, 18 जुलाई (हि.स.)। सार्वजनिक क्षेत्र के आईडीबीआई बैंक ने वित्त वर्ष 2026-27 की (अप्रैल-जून) पहली तिमाही के नतीजे का ऐलान कर दिया है। बैंक को पहली तिमाही में 2,115 करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ है, जो सलाना आधार पर पांच फीसदी अधिक है। बैंक ने पिछले वित्त वर्ष 2025-26 की समान अवधि में 2,007 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ कमाया था।
आईडीबीआई बैंक ने शनिवार को शेयर बाजार को दी सूचना में कहा कि 30 जून को समाप्त पहली तिमाही में उसकी कुल आय बढ़कर 8,573 करोड़ रुपये हो गई है, जो वित्त 2025-26 की समान तिमाही में 8,458 करोड़ रुपये रही थी। इस दौरान बैंक की ब्याज आय भी बढ़कर 7,541 करोड़ रुपये हो गई, जो पिछले वित्त वर्ष 2025-26 की अप्रैल-जून तिमाही में 7,021 करोड़ रुपये थी।
बैंक के मुताबिक मुख्य शुद्ध ब्याज आय (एनआईआई) चालू वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में 10 फीसदी बढ़कर 3,486 करोड़ रुपये हो गई, जो वित्त वर्ष 2025-26 की समान तिमाही में 3,166 करोड़ रुपये रही थी। हालांकि, वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में बैंक का परिचालन लाभ घटकर 2,168 करोड़ रुपये रह गया, जो वित्त वर्ष 2025-26 की समान तिमाही में 2,354 करोड़ रुपये था।
आईडीबीआई बैंक ने कहा कि बैंक का शुद्ध ब्याज मार्जिन (एनआईएम) भी घटकर इस दौरान 3.61 फीसदी रहा, जो वित्त वर्ष 2025-26 की अप्रैल-जून तिमाही में 3.68 फीसदी था। बैंक ने कहा कि परिसंपत्ति गुणवत्ता के मोर्चे पर बैंक के प्रदर्शन में सुधार हुआ है। अप्रैल-जून तिमाही में बैंक का सकल गैर-निष्पादित परिसंपत्ति (जीएनपीए) अनुपात घटकर सकल ऋण के 2.3 फीसदी पर आ गया है, जो एक साल पहले 2.93 फीसदी था।
इसी तरह पहली तिमाही में बैंक की शुद्ध गैर-निष्पादित परिसंपत्ति (एनएनपीए) यानी फंसा कर्ज भी घटकर 0.16 फीसदी रह गया, जो पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में 0.21 फीसदी था। आईडीबीआई बैंक की कुल जमा राशि भी 30 जून, 2026 तक 10 फीसदी बढ़कर 3,25,757 करोड़ रुपये हो गई, जो 30 जून, 2025 को कुल 2,96,782 करोड़ रुपये थी। बैंक की शुद्ध कर्ज राशि 30 जून, 2026 को 22 फीसदी बढ़कर 2,58,968 करोड़ रुपये हो गई, जो बीते वित्त वर्ष की इसी अवधि में 2,11,907 करोड़ रुपये थी।