नई दिल्ली: कैबिनेट ने विदेशी निवेशकों के लिए स्थायी आवास योजना को मंजूरी दे दी है। अब विदेशी निवेशकों को बार-बार वीजा नहीं लेना होगा, उन्हें मिलेगा रेजिडेंट का दर्जा। इस योजना के तहत विदेशी निवेशकों को इंडियन रेसिडेंट का दर्जा मिलेगा। बताया जा रहा है कि सरकार द्वारा यह कदम मेक इन इंडिया के तहत विदेशी निवेश बढ़ाने के लिए उठाया गया है।

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क्या होगा खास…
– गृहमंत्रालय ने परमानेंट रेजीडेंसी स्कीम प्रस्ताव लेकर आई थी।
– रेजिडेंट का दर्जा हासिल करने के लिए कुछ विशेष शर्तें भी रखी हैं।
-18 महीने में 10 करोड़ या 3 साल में 25 करोड़ निवेश करना होगा।
– स्कीम से इंवेस्टर भारत में एक रेसिंडेशियल प्रार्पटी खरीद सकेंगे।
– बच्चे पत्नी भारत में पढ़ाई रोजगार कर सकेंगे।
– विदेशी निवेशकों को बार बार वीजा लेने की जरूरत नहीं होगी।
– फिलहाल निवेशकों को मिलता है पांच साल का बिजनेस वीजा।
– कनाडा, अमेरिका, ब्रिटेन, आस्ट्रेलिया में ऐसी सुविधा मौजूद।